राहुल गांधी ने बुधवार को दिल्ली में 10 जनपथ पर जंतर-मंतर प्रदर्शनकारियों के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस की। राहुल ने कहा कि 20 जुलाई को हुए कॉकरोच पार्टी के प्रदर्शन के दौरान स्टूडेंट पर लाठी-पैलेट गन से हमला किया गया। राहुल अपने साथ चार प्रदर्शनकारी छात्र और छात्राओं को मीडिया के सामने लाए। एक छात्रा ने कहा- भारत माता की जय बोलने पर हमें देशद्रोही कहा गया। हम शांति से चल रहे थे तो एक पुलिस अफसर ने शरीर के ऊपरी हिस्से पर मारा। राहुल गांधी ने कहा- प्रदर्शनकारियों ने कुछ भी गलत नहीं किया। इनका लगातार शोषण हो रहा है। ये बच्चे देश के भविष्य के लिए लड़े। इन्हें माफी मांगने की जरूरत नहीं। लोकतंत्र के लिए ये बच्चे लड़े, इसके लिए इनका धन्यवाद। राहुल की प्रेस कॉन्फ्रेंस, 2 बातें; कहा- देशभर के युवाओं पर गर्व 5 प्रदर्शनकारी सामने आए, बोले- पैलेट गन झेली, अब ट्रोलिंग का शिकार रिया अहीर बोलीं- मैंने पुलिस वैन रोकी, अब ट्रोल किया जा रहा शिवाजी पार्क प्रदर्शन के दौरान पुलिस की गाड़ी के सामने खड़ी हुईं रिया अहीर ने कहा, मैं वो लड़की हूं, जिसने मुंबई पुलिस को रोका था। मैं कहना चाहूंगी कि मैं वो लड़की हूं, जिसने 20 बच्चों को गैर-कानूनी हिरासत में जाने से रोका था। मेरी अपील है कि कृपया नैरेटिव को बदलें। जो भी मैंने किया, उसकी वजह से मुझे बहुत परेशान किया जा रहा है। ये ट्रोलिंग नहीं हैं, ये क्राइम है। जनता ही नहीं, पार्टी वर्कर्स भी सोशल मीडिया पर मेरे बारे में पोस्ट कर रहे हैं। मुझसे कहा जा रहा है कि 140 रुपए में अपनी बॉडी बेच रही हूं। उनके दिमाग में कितनी गंदगी भरी होगी। मैंने 27 जुलाई को शिकायत की थी। आज तक मुझे एफआईआर नहीं मिली है। नूतन टपो बोलीं- जैसे ही मुड़ी, पीछे से गन फायर हुआ झारखंड की नूतन टपो ने बताया कि पैलेट गन को मैंने अपनी आंखों से देखा था। हमारी तरफ गन पॉइंट किया हुआ था। जैसे ही मैं मुड़ी, पीछे से मुझे गन फायर किया गया। मुझे कान में चोट लगी। फराह नाज बोलीं- भारत माता की जय बोलने पर देशद्रोही कहा यूपी की फराह नाज ने कहा- हम जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। पुलिस के गुंडो ने हमें बहुत बुरी तरह से मारा। मुझे बस में बिठाया। तीन घंटे तक बिठाए रखा, फिर नाम पूछा। मैंने बताया तो कहने लगे कि ये मुस्लिम है, इनकी अलग लिस्ट बनाई जाएगी। ये देशद्रोही हैं। हम लोग तो वंदे भारत और भारत माता की जय के नारे लगा रहे थे। फिर भी हमें देशद्रोही बोलते हैं। भरत बोले- वो दिन मेरी जिंदगी का काला दिन था महाराष्ट्र के भरत ने कहा- हमने धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगा था। उसके लिए इतना अत्याचार किया, इतनी बर्बरता की। अगर कहीं अमित शाह का इस्तीफा मांग लिया होता तो ये हम पर सीधा गोली चला देते। जंतर-मंतर को बॉर्डर बना दिया होता। हमने बहुत कुछ सहा। कई घायल बच्चों को गोद में उठाकर एंबुलेंस तक पहुंचाया। ये मेरी जिंदगी का काला दिन था। मुस्कान ने कहा- शांति से चलने पर क्यों मारा गया दिल्ली की मुस्कान ने कहा- मेरा सवाल यह है कि जब मैं प्रदर्शन में शांति से चल रही थी तो पुलिस ने मुझे मारा क्यों। RAF अफसर ने लाठी क्यों चलाई। जब ये नियम है कि आप जांघ के ऊपर नहीं मार सकते तो उन्होंने क्यों मारा। उन्हें जिसने ऑर्डर दिया, वो आकर मुझसे माफी मांग ले तो मुझे खुशी होगी। मेरे नाम की वजह से सोशल मीडिया पर मुझे गालियां मिल रही हैं। जबकि मेरा पूरा नाम मुस्कान शर्मा है। भाजपा सांसद बोले- राहुल बच्चों को लेकर राजनीति न करें भाजपा सांसद संबित पात्रा ने कहा- राहुल गांधी बच्चों को साथ लेकर राजनीति कर रहे हैं। झारखंड में भी बच्चे आंदोलन कर रहे हैं, राहुल उनसे बात क्यों नहीं करते। राहुल गांधी का यह सलेक्टिव अप्रोच क्यों है। बच्चे सबके हैं, हम उनके साथ हैं। दिल्ली में जंतर-मंतर पर पुलिस ने कोई फायरिंग नहीं की थी। 36 दिन तक जंतर-मंतर पर चला था CJP का प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP ने 20 जून से 25 जुलाई तक, लगातार 36 दिनों तक धरना दिया था। इस दौरान हजारों छात्र, अभिभावक और युवा आंदोलन में शामिल हुए। पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक भी प्रदर्शन में शामिल हुए और भूख हड़ताल पर बैठे। 20 जुलाई को CJP ने संसद मार्च निकाला। इस दौरान छात्रों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया था। 25 जुलाई को तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद CJP ने धरना समाप्त करने की घोषणा की थी। —————————— ये खबर भी पढ़ें कॉकरोच पार्टी ने स्टूडेंट्स की लीगल मदद के लिए फंड बनाया कॉकरोच जनता पार्टी ने 27 जुलाई को पेपर लीक आंदोलन के बाद आपराधिक मामलों का सामना कर रहे छात्रों की कानूनी सहायता के लिए लीगल डिफेंस फंड बनाने की घोषणा की थी। पूरी खबर पढ़ें…