Operation Sindoor: पाकिस्तान में चल रहे आतंकी ठिकानों पर की गई जोरदार कार्रवाई के बारे में जानकारी देने के लिए भारत की ओर से दो महिला अफसर आगे आईं। इनमें एक महिला अफसर कर्नल सोफिया कुरैशी और दूसरी भारतीय वायुसेना की विंग कमांडर व्योमिका सिंह हैं। इनके साथ भारत के विदेश सचिव विक्रम मिसरी भी प्रेस कॉन्फ्रेंस में शामिल रहे।

बताना होगा कि भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत जोरदार कार्रवाई करते हुए प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े नौ ठिकानों को निशाना बनाया है।

LIVE: पीएम आवास पर चल रही मीटिंग

ऑपरेशन सिंदूर के बारे में जानकारी देते हुए कर्नल सोफिया कुरैशी ने कहा, “पहलगाम आतंकवादी हमले के पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया गया था। इसमें नौ आतंकवादी शिविरों को निशाना बनाकर खत्म कर दिया गया।”

सोफिया कुरैशी ने बताया कि Operation Sindoor के तहत भारतीय सशस्त्र बलों ने नियंत्रण रेखा से 9 किमी और 13 किमी दूर स्थित मरकज़ अहले हदीस- बरनाला और मरकज़ अब्बास- कोटली को निशाना बनाया। कर्नल सोफिया कुरैशी ने नष्ट किए गए आतंकी शिविरों के वीडियो भी सामने रखे। इनमें मुरीदके का शिविर भी शामिल है, जहां 2008 के मुंबई आतंकी हमलों में शामिल आतंकवादियों- अजमल कसाब और डेविड हेडली ने ट्रेनिंग ली थी।

#WATCH | Delhi | #OperationSindoor| Col. Sofiya Qureshi, while addressing the media, presents videos showing destroyed terror camps, including from the Muridke where those involved in the 2008 Mumbai Terror attacks – Ajmal Kasab and David Headley received their training…” pic.twitter.com/tNpsDf92Wu

भारतीय सेना की सिग्नल कोर की अफसर कर्नल सोफिया कुरैशी के नाम कई अहम उपलब्धियां हैं। 35 साल की उम्र में उन्होंने अपने सैन्य रिकॉर्ड से कई लोगों को प्रेरित किया है। मार्च 2016 में जब वह लेफ्टिनेंट कर्नल थीं तो उन्होंने बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास में सेना की टुकड़ी का नेतृत्व किया था और ऐसा करने वाली वह पहली महिला अफसर थीं। यह अभ्यास आज तक भारत की ओर से किया गया सबसे बड़ा विदेशी सैन्य अभ्यास है।

2 मार्च से 8 मार्च तक पुणे में आयोजित इस युद्ध अभ्यास में 18 देशों ने भाग लिया था जिसमें आसियान के सदस्य देशों के साथ-साथ जापान, चीन, रूस, संयुक्त राज्य अमेरिका, दक्षिण कोरिया, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी वैश्विक शक्तियां शामिल थीं।

सभी प्रतिनिधिमंडलों में कुरैशी एकमात्र महिला अफसर थीं जो किसी टुकड़ी का नेतृत्व कर रही थीं। यह उनकी नेतृत्व क्षमता, समर्पण और उत्कृष्टता का शानदार प्रमाण है। कुरैशी 40 सदस्यों वाली भारतीय टुकड़ी की कमांडिंग ऑफिसर थीं। उन्होंने Peacekeeping Operations (PKOs) और Humanitarian Mine Action (HMA) पर केंद्रित अहम प्रशिक्षण सत्रों का नेतृत्व किया।

कुरैशी ने 2006 में कांगो में संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना मिशन में सैन्य पर्यवेक्षक के रूप में सेवा दी थी और 2010 से (PKOs) से जुड़ी हुई हैं।

सोफिया कुरैशी के परिवार में कई लोग सेना में रहे हैं। उनके दादा सेना में थे। सोफिया कुरैशी की शादी मैकेनाइज्ड इन्फेंट्री के एक अफसर से हुई है।